सोलन | मां शूलिनी के तीन दिवसीय राज्य स्तरीय मेले का शुभारंभ शुक्रवार को माता की शोभायात्रा के साथ शुरू हो गया। सुबह करीब 11:00 बजे से प्रशासन ने मंदिर में माता की पूजा और हवन किया। दोपहर 1:30 बजे मां शूलिनी पालकी में सवार होकर गंज बाजार स्थित अपनी बहन से मिलने के लिए मंदिर से निकलीं। दोपहर 2:30 बजे माता पुरानी कचहरी में पहले पड़ाव पर पहुंची। यहां माता शूलिनी की पालकी का स्वागत मेले में बतौर मुख्यातिथि पहुंचे मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने किया।रात करीब 11:30 बजे माता अपनी बहन के पास पहुंचीं और तीन दिन तक यहीं रहेंगी। पहले दिन माता के दर्शन के लिए हजारों लोगों की भीड़ उमड़ी। ढोल-नगाड़ों और झांकियों के साथ निकली शोभायात्रा माता की पालकी के आगे झांकियां भी चल रही थीं। मुख्यमंत्री ने यहां पर प्रदेशवासियों को मेले की बधाई दी। मुख्यमंत्री ने मेला समिति की ओर प्रकाशित स्मारिका का विमोचन किया। मेले के समापन समारोह पर रविवार को राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल मुख्यातिथि होंगे।
चंबाघाट की ओर से आने वाली बसों और निजी वाहनों से मेले में आने वाले यात्रियों को होटल द क्लिफ के पास उतारा जाएगा और वाहनों को पार्किंग के लिए बाईपास भेजा जाएगा। शिमला से चंडीगढ़ और चंडीगढ़ से शिमला आने वाले वाहनों को बाईपास से होकर भेजा जाएगा। सिरमौर जिला के राजगढ़ की ओर से सोलन शहर आने वाले यात्री बसों और वाहनों से कोटलानाला चौक पर उतरेंगे। यह वाहन शामती की ओर बाईपास सुविधा के अनुसार खड़े किए जा सकेंगे। राजगढ़ मार्ग पर देवभूमि अपार्टमेंट के समीप भी मार्ग को अवरूद्ध किया जाएगा। यहां से राजगढ़ की ओर से चंडीगढ़ और शिमला जाने वाले हल्के और भारी वाहनों को शामती न्यू बाईपास मार्ग से भेजा जाएगा। क्षेत्रीय अस्पताल चौक से शामती तक सड़क के दोनों ओर वाहन खड़े करने की अनुमति नहीं होगी।